.Com कुख्यात माफ़िया डान अखण्ड सिंह का करीबी इनामिया माफिया अल्लन सैय्यद चढ़ा STF के हत्थे , आज़मगढ़ पुलिस ने भेजा जेल , माफियाओ में खलबली | Zila News

कुख्यात माफ़िया डान अखण्ड सिंह का करीबी इनामिया माफिया अल्लन सैय्यद चढ़ा STF के हत्थे , आज़मगढ़ पुलिस ने भेजा जेल , माफियाओ में खलबली

लखनऊ । कल देर रात लगभग 10 बजे के आसपास उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आज़मगढ़ समेत आस पास के जनपदो में आतंक का पर्याय बना जहनियापुर थाना गम्भीरपुर आज़मगढ़ निवासी सैय्यद वजीर हसन उर्फ अल्लन आखिरकार सत्ता व सरकार के आपसी तालमेल से बड़े ही नाटकीय ढंग से लखनऊ एस.टी.एफ द्वारा गिरफ्तार कर लिया गया। 

  गौरतलब हो कि आज़मगढ़ मूल निवासी इस कुख्यात माफिया पर राजपूत नेताओ और अपराधियों का बरदहस्त हासिल है। इस माफिया डॉन का नाम कुख्यात हिस्ट्रीसीटर आज़म कसाई की हत्या में पहली बार चर्चा में आया। विगत वर्षों पहले मुम्बई में वर्चस्व की लड़ाई में हत्या कर जेल से जमानत पर छूटा अल्लन अपने धुर विरोधी आज़म कसाई को फिल्मी अंदाज में ताबड़तोड़ गोलिया बरसाकर ढेर कर दिया। इस दर्दनाक व दिल दहला देने वाले हत्या के बाद तो उसने कभी पीछे मुड़कर नही देखा। एक के बाद एक अनगिनत मुकदमो में प्रसाशन ने अपना खूब डायरी मेंटेन किया। बताया जाता है कि अल्लन एक दुर्दान्त अपराधी के साथ साथ शार्प शूटर भी है। अपराध जगत के हवाले से ऐसी खबर है कि आज तक इसका निशाना कभी नही चुका है। और सियासी पंडितो की बात करे तो यह शातिर अपराधी सियासत में भी अपनी अच्छी पैठ बनाया हुआ है सत्तारूढी दल से लगायत तमाम राजनीतिक पार्टियो में इसकी गोटी सेट है जिससे यह आये दिन अपराध को अंजाम देता था और सत्ता शाशन के दबाव में पुलिस की पकड़ से लंबी दूरी बनाया हुआ था। पूर्वांचल के सियाओ की बागडोर संभालने से लेकर मुस्लिम धर्म गुरुओं और मौलानाओ का भी इसको भरपूर आशीर्वाद मिलता रहा है।  विगत 2017 के विधानसभा चुनाव मे सियासी लिबास ओढ़ विधायक बनने को बेताब अल्लन जनपद जौनपुर के अल्पसंख्यक मतदाताओ के अधिकता वाली सदर विधानसभा सीट से ताल ठोकने की तैयारी भी कर ली थी पर मनचाही पार्टी में टिकट की रस्साकसी को लेकर वह विधायकी का चुनाव नही लड़ सका। गौरतलब हो कि इसने जब जब अपराध को अंजाम दिया तब तब प्रदेश में आचार संहिता लगी हुई थी और यह बेखौफ अपराध को अंजाम देता था वही आज अचार संहिता के दौरान इसकी गिरफ्तारी भी सत्ता और शासन प्रशासन की मिलीभगत पर बड़ा प्रश्नचिन्ह है।  आज़मगढ़ प्रसाशन द्वारा आज़म की हत्या में मुख्य आरोपी अल्लन को पिछले दो सालों से पुलिस व एस.टी.एफ की संयुक्त टीम तलास कर रही थी। लेकिन पूर्वांचल के अपराध जगत में अपनीअच्छी रसूख व सफेदपोश नेताओ का भरपूर संरक्षण होने के चलते अल्लन कई बार एस टी एफ के आँखों मे भी धूल झोंक फरार होने में कामयाब रहा है। जरायम की दुनिया में बेहद शातिर माने जाने वाले इस दुर्दान्त 50 हजारी इनामिया अपराधी ने फरारी के दौरान कई विदेश यात्राएं भी की।

  एस टी एफ व स्थानीय प्रसाशन के कड़ी मशक्कत के बाद आज अल्लन को गिरफ्तार कर अपनी पीठ खुद थपथपा ली है। वही प्रशासन में एस टी एफ के हाथों इस गिरफ्तारी पर बड़ी कामयाबी मानी जा रही है। फिलहाल आज़मगढ़ प्रसाशन ने अल्लन की गिरफ्तारी के बाद राहत की सांस तो ले ली है अब देखना दिलचस्प होगा कि बड़े बड़े रसूखदार कानून का सहारा लेकर इसे जल्द से जल्द जेल के सिकंचों से बाहर निकलवाने की कवायद में जुट जाएंगे।

  गौरतलब हो कि लखनऊ एस टी एफ द्वारा अल्लन के पकड़े जाने की सूचना आज़मगढ़ पुलिस को दे दी गयी थी जिससे आज अल सुबह गंभीरपुर पुलिस ने गोमतीनगर थाने से संपर्क कर अल्लन सैयद को सुरक्षा के बीच थाने ले आयी। जहाँ खबर मिलते ही समर्थको का भारी भरकम जमावड़ा लगने लगा। इधर पुलिस ने अपनी कार्यवाही को आगे बढ़ाते हुए मेडिकल मुवायना कराकर चालान न्यायालय भेज दिया। थाने से न्यायालय जाते समय पुलिस गाड़ी के पीछे लग्जरी वाहनों की लम्बी कतार लगी हुई थी जिसमे कुछ सफेदपोश समेत संदिग्ध लोग भी मौजूद थे।  गंभीरपुर थानाध्यक्ष अरविंद पांडेय द्वारा मौके की वीडियोग्राफी कराई गयी। पुलिस का कहना है कि अल्लन तरवा निवासी चर्चित फरार इनामी कुख्यात माफिया डॉन अखण्ड सिंह का बेहद करीबी माना जाता है । यह एक बेहद शातिर किस्म का अपराधी है उसने दर्दनाक तरीके आज़म कसाई की हत्या को अंजाम दिया था तब से पुलिस उसकी तलाश कर रही थी। उन्होंने कहा कि अल्लन से मिलने आने जाने वालों एक एक पर पुलिस की नज़र है तथा मौके की वीडियोग्राफी करा कर पुलिस जांच में जुट गई है।

No comments

Post a comment

Home